Triphala as a rasayan

जरणान्तेऽभयामेकां प्राग्भक्ताद् द्वे बिभीतके। भुक्तवा तु मधुसर्पिभ्यां चत्वार्यामलकानि च। प्रयोजयेत्समामेकां त्रिफलाया रसायनम्। जीवेद् वर्षशतं पूर्णमजरोऽव्याधिरेव च।। After the digestion one haritaki Just before meal two vibhitaki Just after meal four amalaki Anupan- honey and ghrit Act as a rasayan. Sir Mera question ye h ki kya practically bhi triphala ko as a rasayan use krna ho to aise hi use krte h ya koi dusra way h cz pt.ko aise lene ko bola to I think vo ni krega. Plz.give ur opinion.

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आत्मिय डो.कु. भावना, मेरे अभिप्राय के अनुसार जरणान्ते एक हरितकी की मात्राका अर्थ है उसके वजनके बराबर। भोजनसे पहलेका अर्थ है, दो बिभितक के वजनके बराबर। भोजनोपरांत का अर्थ है, चार आंवला के वजन बराबर त्रिफला रसायन असमान मात्रा मधु सर्पिमें देना है। यह बातें उस समयके हिसाब से है। अभिके समयमें यह मात्रा १/४ करनी चाहीये। क्योंकी अभी सबका अग्नि बल कम हो गया है ।
Sir to kya hme haritaki,bhitaki,aur amalaki teeno k churan ko alg alg lena h ya teeno ko mix kr k le skte h?
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